रामपुर (उत्तर प्रदेश): जनपद के कचहरी परिसर में उस समय हड़कंप मच गया जब दबंगों ने एक राजस्व लेखपाल के साथ सरेआम मारपीट कर दी। आरोप है कि लेखपाल द्वारा सरकारी तालाब से अवैध कब्जा हटवाने की कार्रवाई से नाराज होकर आरोपियों ने इस वारदात को अंजाम दिया। पुलिस ने इस मामले में तत्परता दिखाते हुए एक महिला सहित दो नामजद आरोपियों के खिलाफ गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया है।
क्या है पूरा मामला?
राजस्व लेखपाल राजकुमार शर्मा तहसील सदर क्षेत्र के अंतर्गत तैनात हैं। जानकारी के अनुसार, कुछ समय पूर्व उन्होंने प्रशासन के निर्देश पर एक गांव में स्थित सरकारी तालाब की भूमि से अवैध अतिक्रमण हटवाया था। इस कार्रवाई से कब्जा करने वाले पक्ष में काफी रोष था।
शनिवार को जब लेखपाल राजकुमार शर्मा किसी सरकारी कार्य के सिलसिले में कचहरी परिसर पहुंचे, तभी वहां पहले से मौजूद आरोपियों ने उन्हें घेर लिया। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, पहले उनके बीच तीखी बहस हुई और देखते ही देखते आरोपियों ने लेखपाल के साथ गाली-गलौज करते हुए मारपीट शुरू कर दी। कचहरी जैसे सुरक्षित क्षेत्र में सरेआम हुई इस घटना से प्रशासनिक अमले में भारी नाराजगी है।
पुलिस की कार्रवाई
घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस मौके पर पहुंची। पीड़ित लेखपाल की तहरीर के आधार पर पुलिस ने एक महिला समेत दो लोगों के खिलाफ सरकारी कार्य में बाधा डालने (IPC की संबंधित धाराओं), मारपीट और धमकी देने के आरोप में प्राथमिकी (FIR) दर्ज की है।
पुलिस अधीक्षक कार्यालय के सूत्रों के अनुसार, सरकारी कर्मचारियों पर हमला बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए दबिश दी जा रही है और जल्द ही उन्हें न्यायालय में पेश किया जाएगा।
लेखपाल संघ में रोष
इस घटना के बाद लेखपाल संघ ने कड़ी निंदा व्यक्त की है। संघ के पदाधिकारियों का कहना है कि यदि फील्ड में काम करने वाले राजस्व कर्मियों को इस तरह निशाना बनाया जाएगा, तो सरकारी भूमि को कब्जामुक्त कराना चुनौतीपूर्ण हो जाएगा। उन्होंने प्रशासन से लेखपालों की सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग की है।